10वी-12वी के छात्र-छात्राओ और शिक्षको के अवकाश किये गए रद्द

उत्तराखंड के सरकारी और अशासकीय स्कूलों में दसवीं और बारहवीं के बच्चों की सर्दियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। इसके साथ ही इन कक्षाओं के शिक्षकों का शीतकालीन अवकाश समाप्त करने का आदेश भी जारी कर दिया गया है।
बृहस्पतिवार को शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि प्रदेश में 10वीं और 12वीं के राजकीय एवं अशासकीय स्कूलों में दो नवंबर 2020 से कक्षा शुरू की गई है। छात्र हित में उनका शीतकालीन अवकाश समाप्त किया जाता है।
इन कक्षाओं के शिक्षक भी स्कूलों में उपस्थित रहेंगे। इन कक्षाओं के अलावा अन्य कक्षाओं के शिक्षकों को स्कूल आने की आवश्यकता नहीं होगी। शासनादेश में कहा गया है कि किसी भी जिले एवं क्षेत्र में प्रतिकूल मौसम पर जिले के जिलाधिकारी स्कूल को बंद करने का निर्णय ले सकेंगे। शिक्षा सचिव की ओर से कहा गया है कि यह आदेश मात्र इस शैक्षणिक सत्र के लिए प्रभावी होगा।

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परिणाम के पेंच में फंसी डिग्री, भटक रहे छात्र
उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय (यूटीयू) द्वारा बीटेक के अंतिम वर्ष का परिणाम जारी करने में हो रही देरी से हजारों छात्र प्रभावित हो रहे हैं। यूटीयू द्वारा 15 दिसंबर तक का समय दिए जाने के एक हफ्ते बाद भी परिणाम घोषित नहीं किया जा सका है। इससे डिग्री नहीं मिलने के कारण छात्र नौकरी के लिए शैक्षिक योग्यता नहीं दिखा पा रहे हैं। यूटीयू से संबद्ध तकनीकी कॉलेजों में हजारों छात्रों ने बीटेक अंतिम वर्ष की परीक्षा दी थी। हर साल अक्तूबर तक परिणाम घोषित हो जाता है, लेकिन इस बार काफ़ी देरी हुई है। छात्र कॉलेज व यूटीयू के कई चक्कर लगा चुके हैं, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा है। पिछले महीने यूटीयू द्वारा 15 दिसंबर तक परिणाम जारी होने का आश्वासन दिया गया तो छात्रों को कुछ आस लगी थी, लेकिन ऐसा नहीं हो सका।
बीटेक अंतिम वर्ष की परीक्षा दे चुके अभिनव शर्मा, ममता सिंह आदि छात्रों का कहना है कि परिणाम नहीं आने के कारण उन्हें डिग्री नहीं मिली है। वे कई कंपनियों में नौकरी के लिए गए। इंटरव्यू भी पास किया, लेकिन डिग्री नहीं होने के कारण उन्हें मना कर दिया गया। वे कंपनी को अपनी शैक्षिक योग्यता का प्रमाण नहीं दिखा पा रहे हैं।

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