पहली बार सफेद बाघ का दीदार कर सकेंगे पर्यटक

पाखरो में जंगल सफारी में सामान्य बाघों के साथ एक सफेद बाघ लाने की योजना है। इसके लिए मुख्यमंत्री से मध्य प्रदेश सरकार से शुरुआती बात हो रही है। अगर बाघ मिल जाता है तो ये पर्यटन के लिहाज से मील का पत्थर साबित होगा। क्योंकि वहां बाघ दिखने की गारंटी के साथ पर्यटक आएंगे। दोनों तरह के बाघ देखना एक अलग तरह का अनुभव होगा।

आगे पढ़े न्यू ईयर और क्रिसमस सेलिब्रेशन पड़ जाएगा फ़िक्का

देहरादून जू में दिखेंगे बाघ और भालू
देहरादून जू के निदेशक पी.के पात्रो ने बताया कि जू में नए साल में पर्यटकों को बाघ और भालू भी देखने को मिलेंगे। दोनों के बाड़े तैयार हैं। जंगल से पकड़कर जू में जानवर नहीं रख सकते। इसी वजह से देरी हो रही है। अगले साल मार्च से पहले बाघ और भालू लाने की कोशिश है। पाखरो में बन रहे जंगल सफारी पार्क में आने वाले दिनों में सफेद बाघ दिख सकते है, यह देखने में काफी आकर्षक होते है। दूसरे राज्यों में इसकी बातें चल रही , ओर जलद से जलद लाने की तैयारी भी चल रही है। अगर वहां सफेद बाघ आता है तो ये राज्य में पर्यटन के लिहाज से काफी फायदेमंद होगा।

पाखरो में करीब सौ हेक्टेयर में जंगल सफारी पार्क बना है। शुरुआती दौर में वहां पांच बाघ रखे जाने कि संभावना हैं, जिन्हें पर्यटक बंद गाड़ियों से पार्क के अंदर घूमकर देख सकेंगे। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कार्बेट नेशनल पार्क में बाघ दिखने की गारंटी न होने के बावजूद हर साल लाखों पर्यटक आते हैं। जबकि पाखरो में बाघ दिखने की गारंटी होगी। इसके चलते पर्यटन के लिहाज से ये काफी अहम होगा। विभाग यहां सामान्य बाघों के साथ एक सफेद बाघ लाने की भी योजना बना रहा है। इसके लिए सरकार के स्तर से मध्य प्रदेश से बात की जा रही है, ताकि वहां से बाघ मिल सके।

Related posts

Leave a Comment