उत्तराखंड के अल्मोड़ा में 3 महीने से वेतन नहीं मिलने के कारण शिक्षको ने किया धरना प्रदर्शन 

अल्मोड़ा में 3 महीने से वेतन नहीं मिलने के कारण शिक्षको ने किया धरना प्रदर्शन 

यह तो हम सभी जानते हैं कि  शिक्षकों का वेतन 2 से 3 महीने बाद ही मिलता है कभी-कभी 6 महीने  भी लग जाते हैं।ऐसे ही खबर उत्तराखंड के अल्मोड़ा से आ रही है। जहां पर शिक्षकों का वेतन 3 महीने से नहीं मिल पा रहा है।एक तो कोरोना का मार दूसरी वेतन का हड़ताल से शिक्षक बहुत ज्यादा परेशान हो गए हैं। वेतन नहीं मिलने के कारण  माध्यमिक शिक्षक संघ फिर एक बार भड़क उठे हैं। शिक्षकों ने कहा कि हम बार-बार वेतन भुगतान करने की बात कर रहे हैं। लेकिन अभी तक शासन स्तर से अब तक बजट उपलब्ध नहीं कराया गया है।आखिरकार हम शिक्षक कब तक इस तरह हाथ पर हाथ धरे बैठे रहेंगे।

 अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों ने मंगलवार को मुख्य शिक्षाधिकारी कार्यालय में नारेबाजी किया और साथ में धरना भी दिया। बताया जा रहा है कि 26 सितंबर तक वेतन नही मिलने पर शिक्षकों ने बेमियादी आंदोलन का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अगर जरूरत पड़ेगी तो हम सभी शिक्षक मिलकर सड़क पर भी उतर जाएंगे।

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माध्यमिक शिक्षक संघ के बैनर तले अशासकीय विद्यालयों के शिक्षक मंगलवार को मुख्य शिक्षाधिकारी कार्यालय पहुंचे। सीइओ हर्षबहादुर चंद के माध्यम से मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजा गया।

सूत्रों के मुताबिक इस धरने पर अनिल मनी, प्रकाश चंद्र खोलिया, दीपक सिंह नयाल, महेंद्र सिंह बिष्ट, हीरा सिंह मेहरा, राधा बोरा, मार्गेट फर्नाडीज मनी, महेंद्र सिंह मेहरा, अशोक रावत, डॉ. वीडी शर्मा, सुदर्शन साह, ललित मोहन, खीम सिंह बगड्वाल, दीवान सिंह बिष्ट, विजय सिंह गैड़ा, महेंद्र सिंह चौहान, ललित भाकुनी, शंकर गिरि, धीरेंद्र कुमार पाठक, नीरज तिवारी, सुशील मेहता सभी लोग थे।

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